देवी अहिल्या की पावन नगरी का महादान: 24 घंटों में 8 नेत्रदान, जिससे 16 जिंदगियों में रोशनी की संभावना
*देवी अहिल्या की पावन नगरी का महादान: 24 घंटों में 8 नेत्रदान, जिससे 16 जिंदगियों में रोशनी की संभावना*
*नन्हे मास्टर अर्हम परिजनों ने अंगदान को बनाया 'जीवन-दर्शन'*
इंदौर। माँ देवी अहिल्या की पावन नगरी इंदौर के निवासी स्वच्छता में अग्रणी है, वही सेवा और मानवता की एक अभूतपूर्व मिसाल कायम हुई है।
मुस्कान ग्रुप के जन चेतना के विनम्र प्रयास और यहाँ के परोपकारी परिवारों के सहयोग से, बीते 24 घंटों के भीतर, कई जिंदगियों को नई उम्मीद मिली है:
8 नेत्रदान ,1 देहदान,3 त्वचादान
हमारा मुख्य उद्देश्य अंग,नेत्र,त्वचा और देहदान को इस पवित्र कार्य के महत्व को लोगों को समझा कर उन्हें प्रेरित एवं प्रोत्साहित करना है। यह सब मासूम चेहरों पर मुस्कान लाने का एक विनम्र प्रयास है।
मास्टर अर्हम जैन (11 वर्ष) इस मुहिम के सबसे बड़े प्रेरक हैं 11 साल के छोटे से नायक, नेत्रदानी मास्टर अर्हम जैन
दुःख की इस घड़ी में भी, परिवार ने यह पुनीत निर्णय लेकर समाज को सिखाया कि जीवन के बाद भी, आप किसी की दुनिया को रोशन कर सकते हैं। अर्हम का यह महादान इस बात का प्रमाण है कि दान करने के लिए दिल बड़ा होना चाहिए, उम्र नहीं।
महान आत्माओं ने अपने दान से समाज को नई सोचने के उत्साह का संचार किया है। उनके नाम सदैव प्रेरणा देते रहेंगे:
1) नेत्रदानी श्रीमती प्रेमलता भंडारी,2) नेत्रदानी प्रदीप कुमार लाड,3) नेत्रदानी दीपक भाटिया,4) सम्पूर्ण देह नेत्र एवं त्वचादानी , प्रवीणचन्द्र पूर्वजी5) नेत्रदानी मास्टर अर्हम जैन (11 वर्ष) 6) नेत्रदानी एवं त्वचादानी श्रीमती पारीबाई आहूजा7)नेत्रदानी श्रीमती सुशीला जैन 8) नेत्रदानी श्रीमती मंजुला संघवी
समन्वय सेवा~ मुस्कान ग्रुप सेवादार नरेश फुंदवानी, दिलीप वासवानी, शैलेन्द्रजैन, अजित जैन, डॉ रेनू जयसिंघानी ,लक्की खत्री द्वारा समन्वय सेवा प्राप्त हुई।



