मालवा उत्सव  6 मई से दशहरा मैदान  पर* *मंच बना गोवा का मंगेशी शिव मंदिर*

मालवा उत्सव  6 मई से दशहरा मैदान  पर* *मंच बना गोवा का मंगेशी शिव मंदिर*

*मालवा उत्सव  6 मई से दशहरा मैदान  पर*
*मंच बना गोवा का मंगेशी शिव मंदिर*
*देश भर से जुटेगे लोक कलाकार व शिल्पकार* 

इंदौर ।लोक संस्कृति मंच, संस्कृति संचनालय मध्य प्रदेश सरकार एवं नगर निगम इंदौर के सहयोग से आयोजित  देश का प्रतिष्ठित लोकोत्सव मालवा उत्सव इस वर्ष   6 मई से  दशहरा मैदान परिसर में आयोजित होने जा रहा है  उत्सव जनजाति, आदिवासी नृत्य व जनजाति लोक कला वह मातृशक्ति  को समर्पित होगा।
लोक संस्कृति मंच के संयोजक एवं इंदौर के लोकप्रिय सांसद शंकर लालवानी ने बताया कि मालवा उत्सव मैं देश एवं प्रदेश के साथ विश्व भर के कला प्रेमियों एवं कलाकारों  का जमावड़ा यहां देखने को मिलता है । इस वर्ष 6 मई से 12 मई तक मालवा उत्सव का आयोजन दशहरा मैदान परिसर में किया जा रहा है जिसमें देशभर के विभिन्न राज्यों के 400 से अधिक लोक कलाकार एवं 300 शिल्पकार इस आयोजन में भाग लेंगे।
*मंच बना गोवा का मंगेशी शिव  मंदिर*

लोक संस्कृति मंच के सचिव दीपक लवंगडे ने बताया कि गोवा का श्री मंगेश्वर मंदिर जो की पांडा तालुका के प्रियोल गांव में स्थित एक प्रसिद्ध हिंदू मंदिर है जो भगवान शिव मंगेश को समर्पित है यह 450 साल से पुराना मंदिर है। यहां मंच पर मंदिर जैसे  दीप स्तंभ नजर आएंगे यह मंदिर इसीलिए प्रसिद्ध है । शिवलिंग के रूप में स्थित इस मंदिर के दर्शन यहां किया जा सकते हैं ।जो पारंपरिक गोवा की वास्तुकला दर्शाता है    यह हिंदू मंदिर है जो शिव के एक रूप मंगेश को समर्पित होता है।80×70 पर बने मंच पर मुख्य मंदिर  दृष्टिगोचर होता है आसपास दोनों तरफ दीप स्तंभ सबका ध्यान आकर्षित करते हैं  मुख्य मंदिर के आसपास दोनों ओर छोटे-छोटे  रूप में दो मंदिर और उनके शिखर स्पष्ट रूप से दृष्टि गोचर हो रहे हैं।   शिखर पर लगा झंडा लहराता हुआ दिखाई दे रहा था। मंदिर की ऊंचाई करीब 45 फिट है।
*शिल्प मेले में आएंगे 300 से अधिक शिल्पी*
लोक संस्कृति मंच के सतीश शर्मा एवं विशाल गिद्वानी ने बताया कि  इस वर्ष जनजाति कला के साथ देशभर की कला प्रदर्शित करने  लगभग 300 शिल्पकार इस उत्सव में अपनी कलाकृतियां लेकर आएंगे उत्तर प्रदेश हरियाणा राजस्थान उड़ीसा अरुणाचल प्रदेश नागालैंड मिजोरम आसाम आंध्र प्रदेश छत्तीसगढ़ पंजाब गोवा जम्मू कश्मीर उत्तरांचल हिमाचल के कलाकार अपनी कला की छटा यहां बिखेरेगे शिल्प मेले में मिट्टी शिल्प, गलीचा शिल्प ,टेराकोटा ,ड्राई फ्लावर ,केन फर्नीचर,  कपड़ा शिल्प, पीतल शिल्प, लौह शिल्प प्रमुख रूप से उपलब्ध रहेंगे।
*मालवी व्यंजनों का मिलेगा स्वाद*
मंच  के पवन शर्मा एवं संकल्प वर्मा ने बताया कि मालवा उत्सव में प्रतिवर्ष अनुसार मालवा के व्यंजनों के स्वाद के साथ गुजराती दक्षिण भारतीय, राजस्थानी, महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश, पंजाब सहित देश के विभिन्न राज्यों के पारंपरिक व्यंजनों का स्वाद यहां चखने को मिलेगा साथ ही विशेष रुप से साउथ इंडियन डिशेज भी यहां मिलेगी। 
मालवा उत्सव प्रतिदिन सायंकाल 4:00 बजे से प्रारंभ होगा वही लोक नृत्यों की प्रस्तुति सायंकाल 7:00 बजे से होगी बच्चों के लिए मनोरंजन जॉन भी बनाया गया है

विभिन्न समितियों का गठन कर के आयोजन को सफल बनाने के लिए कंचन गिद्वानी, मुद्रा शास्त्री, ज्योति तोमर संध्या यादव रितेश पाटनी, नितिन तापड़िया, कमल गोस्वामी कपिल  जैन, मुकेश पांडे, राजेश बियानी आदि को व्यवस्थाएं सौंपी गई है।