जिला स्तरीय अंतर विद्यालयीन भारतीय मंत्रीस्तरीय संसद का आयोजन

जिला स्तरीय अंतर विद्यालयीन भारतीय मंत्रीस्तरीय संसद का आयोजन

जिला स्तरीय अंतर विद्यालयीन भारतीय मंत्रीस्तरीय संसद का आयोजन 

पूर्व मंत्री स्व दादा निर्भय सिंह पटेल की स्मृति में वाद विवाद प्रतियोगिता का आयोजन 

महाविद्यालय स्तरीय प्रतियोगिता कल जाल सभा गृह में 

इंदौर। विधायक एवं स्व दादा निर्भय सिंह पटेल स्मृति विचार मंच के संयोजक मनोज पटेल ने बताया कि मध्य-प्रदेश के पूर्व मंत्री स्व निर्भय सिंह पटेल के 30 वें पुण्य स्मरण समारोह पर आयोजित भारतीय मंत्रीस्तरीय संसद के अंतर्गत जिला स्तरीय अंतर विद्यालयीन वाद विवाद प्रतियोगिता का आयोजन जाल सभागृह में भाजपा नगर अध्यक्ष सुमित मिश्रा, जनपद अध्यक्ष गुमान सिंह पंवार, जिला उपाध्यक्ष सत्यनारायण पटेल, जिला मंत्री जालम सिंह सोलंकी, पार्षद सोनाली धारकर, मंडल अध्यक्ष राजू जाट, देवकरण दरबार, सोहन पटेल, सुनील जाधव, सुशील शर्मा की उपस्थिति में हुआ।

इस अवसर पर प्रतिभागियों को संबोधित करते हुए भाजपा नगर अध्यक्ष सुमित मिश्रा ने कहा कि मैं भी आपकी तरह जब स्कूल में था तो वाद-विवाद प्रतियोगिता में भाग लेता था, शुरू शुरू में संकोच होता था, लेकिन निरंतर अभ्यास से एक अच्छा कुशल वक्ता बना जा सकता है। हम जब बोलने के लिए खड़े हो तब हमारी भाषा शैली और प्रस्तुति ऐसी हो कि निर्णायक हमारे भाषण को गंभीरता से सुनें। अपनी बात को सही तथ्यों और आकड़ों के साथ रखेंगे तो निश्चित रूप से सफल होंगे।  

विधायक श्री पटेल ने बताया कि प्रतियोगिता के अंतर्गत प्रतिभागियों को विदेश मंत्रालय की भूमिका निभाते हुए वर्तमान मैनीफेस्टो एवं नीतियों का अवलोकन करते हुए अपने विचार रखने एवं युवाओं को नीति निर्माण एवं शासन व्यवस्था को समझाने, नेतृत्व कौशल को विकसित करने के उद्देश्य से इस प्रतियोगिता का आयोजन किया गया है। 

विधायक श्री पटेल ने बताया कि मंत्री स्तरीय संसद में "क्या विकसित भारत 2047 के राष्ट्रीय लक्ष्य की प्राप्ति हेतु भारत की विदेश नीति को वैश्विक नेतृत्व आधारित कूटनीतिक दृष्टिकोण को और बढ़ावा देना चाहिए" विषय पर आधारित वाद - विवाद प्रतियोगिता में छात्रः- छात्राओं ने पक्ष और विपक्ष में अपने विचार प्रस्तुत किये। प्रतिभागियों ने भारत के वैश्विक संबंधो, रक्षा के क्षेत्र में भारत के आत्मनिर्भर होने, रक्षा निर्यात में भारत के बढ़ते कदमों, रूस और यूक्रेन युद्ध में भारत के विद्यार्थियों की सकुशल वापसी, कोरोना जैसी महामारी के दौरान 100 से अधिक देशों को निशुल्क वैक्सीन उपलब्ध करवाने जैसे विषयों पर विचार रखते हुए 2047 तक भारत को विकसित भारत बनाने का संकल्प लिया।

निर्णायक विश्व विद्यालय की डिबेटर रही शिक्षाविद डॉक्टर रचना बजाज, देअविवि प्रोफेसर सत्यम सम्राट आचार्य, रेनेंसा कॉलेज के एकेडमिक डायरेक्टर डॉ राजेश श्राफ थे। विपक्ष में प्रथम आर्मी स्कूल की अनन्या श्रीवास, द्वितीय एनडीपीएस की छात्रा नमिता खत्री रही एवं पक्ष में प्रथम आर्मी स्कूल की छात्रा निकिता सिंह और द्वितीय विद्यानजलि इंटरनेशनल स्कूल की महक गांधी रही। ओवरऑल विजेता प्रथम अनन्या श्रीवास एवं द्वितीय नमिता खत्री रही। आज 25 अगस्त को महाविद्यालय स्तरीय वाद विवाद प्रतियोगिता होगी। विजेताओं को 31 अगस्त को कार्यक्रम में पुरस्कृत किया जाएगा।