श्रावण माह में लग रहा शिव भक्तों का जमघट, अत्यंत प्राचीन है, शिव का यह धाम, धर्मेंद्र श्रीवास्तव,,
श्रावण माह में लग रहा शिव भक्तों का जमघट,
"इंडियन न्यूज़ अड्डा"
जिला ब्यूरो चीफ़ जिला धार,
धर्मेंद्र श्रीवास्तव,
धार्मिक रिपोर्ट -: अतिप्राचीन श्री झिर्णेस्वर महादेव मंदिर,
माही तट,
कुमार पाठ सरदारपुर,
आदिकाल से स्थित है,
भगवान शिव की प्रतिकृति पाषाण शिवलिंग स्वरूप में,
स्कंद पुराण के कुमारीका खंड में वर्णन है,
चमत्कारिक शिवलिंग का,
अष्ट खंभ से निर्मित है विशाल शिखर युक्त मंदिर सावन के महीने ,और विशेष कर सोमवार को उमड़ता है भक्तों का जनसैलाब, विभिन्न राजनीतिक दल एवं सामाजिक संगठन सेकड़ो शिव भक्तों के माध्यम से बोल बम का जयकारा लगाते हुए प्रसिद्ध,
पवित्र तीर्थं के जल से कावड़ यात्रा के द्वारा जल लाकर भगवान शिव का करते हैं,
जलाभिषेक,
मान्यता यह भी है कि, यह पवित्र माही नदी के तट पर बसा प्राचीन मंदिर पाण्डव कालिन हैं और यहाँ अज्ञात वास के दौरान पाण्डवों ने समय बिताकर भगवान शिव की आराधना गुप्त रूप से की थी, पुराणों में वर्णन आता है कि माही नदी के तट पर स्थित सभी शिवालय एवं अन्य मंदिर गुप्त तीर्थ क्षेत्र की श्रेणी में आते हैं,
इनके पूजन और अर्चन से विशेष पुण्य की प्राप्ति होती हैं, यह चमत्कारिक शिव लिंग स्कंद पुराण में वर्णित 108 शिव लिंग में से एक है, यहां माही नदी के जल से रविवार को स्नान एवं पूजन अभिषेक करने से पांच बार के गंगा स्नान का पुण्य फल प्राप्त होता हैं, इस वर्ष और विशेषकर श्रावण माह में क्षेत्र के प्रसिद्ध पेंटर सत्यनारायण मारू प्रतिदिन भगवान भोलेनाथ का कर रहे सुंदर और मनमोहक आकर्षक श्रृंगार, यह पवित्र और चमत्कारी तीर्थ स्थान इंदौर अहमदाबाद राष्ट्रीयराज मार्ग से भोपावर चौकड़ी से दक्षिण कि ओर 03 किलो मीटर की दूरी पर स्थित हैं।
श्रावण माह में लग रहा शिव भक्तों का जमघट।


